Connect with us

आढ़त बाजार को रेलवे स्टेशन रोड से शिफ्ट करने की कवायद शुरू, कैबिनेट में आएगा प्रस्ताव…

उत्तराखंड

आढ़त बाजार को रेलवे स्टेशन रोड से शिफ्ट करने की कवायद शुरू, कैबिनेट में आएगा प्रस्ताव…

उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में जल्द ही जाम के झाम से निजात मिलने वाली है। बताया जा रहा है कि ट्रैफिक में वर्षों से सबसे बड़ी बाधा बने आढ़त बाजार को रेलवे स्टेशन रोड से शिफ्ट करने की कवायद शुरू हो गई है। रिपोर्टस की माने तो जल्द ही नया आढ़त बाजार पटेलनगर में बसाया जाएगा। जिसके लिए  मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने जमीन तलाश ली है। वहीं अब शासन के वित्त विभाग से हरी झंडी के बाद प्राधिकरण के आढ़त बाजार शिफ्टिंग के प्रस्ताव को धामी कैबिनेट में लाने की तैयारी हो रही है।

यह भी पढ़ें 👉  चम्पावत में एकीकृत सैनिक कॉम्प्लेक्स के लिए भूमि हस्तांतरण को मंजूरी…

मीडिया रिपोर्टस के अनुसार वर्तमान में शहर का सबसे बड़ा बॉटल नेक आढ़त बाजार क्षेत्र में है। सड़क के इस चोक हिस्से को खोलने के लिए एक दशक से भी अधिक समय से कवायद चल रही है, मगर कोई भी योजना आज तक परवान नहीं चढ़ पाई। ऐसे में एक बार फिर एमडीडीए आढत बाजार शिफ्ट करने की बड़ी योजना पर काम कर रहा है। इस योजना को धरातल पर उतारे के लिए आढ़त बाजार को शिफ्ट करने के लिए व्यापारियों के साथ सकारात्मक चर्चा के बाद अब शासन स्तर पर सहमति के बाद प्रोजेक्ट पर आगे कार्य शुरू किया जा रहा है।

यह भी पढ़ें 👉  एलपीजी गैस की कालाबाजारी पर सख्त एक्शन, अवैध संग्रहण व रिफिलिंग पर एजेंसी होगी सील; डीएम के निर्देश

बताया जा रहा है कि पटेलनगर में करीब 100 बीघा जमीन पर नया आढ़त बाजार बनाएगा। इस पर सभी आढ़तियों से बात कर सहमति ले ली गई है। अगर पूरा बाजार शिफ्ट करने के लिए करीब 200 दुकानों की जरूरत पड़ेगी। ये दुकानें 100 से 400 वर्गमीटर तक की होंगी। इनमें दुकानों के साथ गोदाम भी होंगे।  वहीं, व्यापारियों ने मांग रखी है कि एमडीडीए आढ़त बाजार का नक्शा तैयार करे। इसके बाद सहमति के आधार पर दुकानों का आवंटन करा लिया जाएगा।

यह भी पढ़ें 👉  मुख्यमंत्री ने रोजगार व स्वरोजगार योजनाओं की समीक्षा की युवाओं के कौशल विकास और अधिकतम स्वरोजगार अवसरों पर दिया जोर… 

गौरतलब है कि सहारनपुर चौक से लेकर प्रिंस चौक तक सड़क के बेहद संकरा होने के कारण यहां गाड़ियों की रफ्तार थम जाती है। सड़क संकरी होने और सुबह शाम कमर्शियल वाहनों की लोडिंग-अनलोडिंग के कारण यहां जाम लगता है। एमडीडीए बीते एक दशक से इस बाजार की शिफ्टिंग के लिए प्रयासरत रहा है। इस बाजार की शिफ्टिंग का सबसे पहला प्रस्ताव तत्कालीन उपाध्यक्ष आर मीनाक्षी सुंदरम के समय आया। तब व्यापारियों के साथ कई दौर की वार्ता भी हुई, व्यापारी भी राजी हुए लेकिन बजट की कमी के चलते तब मामला लटक गया।

Continue Reading

More in उत्तराखंड

उत्तराखंड

उत्तराखंड
Advertisement

ट्रेंडिंग खबरें

To Top