Connect with us

उत्तराखंड के 11वीं-12वीं के छात्र-छात्राओं के लिए बड़ी खबर, सीएम धामी ने लिया ये फैसला…

उत्तराखंड

उत्तराखंड के 11वीं-12वीं के छात्र-छात्राओं के लिए बड़ी खबर, सीएम धामी ने लिया ये फैसला…

उत्तराखंड के 11वीं-12वीं के छात्र-छात्राओं के लिए सीएम धामी ने बड़ा फैसला लिया है। बताया जा रहा है कि अब राज्य के समस्त विद्यालयों में कक्षा 11 एवं 12 में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को जरूरी दस्तावेज बनाने के लिए दर-दर नहीं भटकना होगा। अब इनके स्थायी निवास, जाति एवं आय तथा अन्य आवश्यक प्रमाण-पत्र विद्यालय में ही उपलब्ध कराये जाएंगे। जिससे उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओं में प्रतिभाग करने में सहायता होगी।

मीडिया रिपोर्टस के अनुसार सचिव शैलेश बगोली ने प्रदेश के सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिए है कि राज्य के समस्त विद्यालयों में अपणों स्कूल, अपणू प्रमाण  नामक पहल के तहत कक्षा 11 एवं 12 में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को स्थायी निवास, जाति एवं आय तथा अन्य आवश्यक प्रमाण-पत्र विद्यालय स्तर पर ही उपलब्ध कराये जाए। इसके लिए जिलाधिकारी की अध्यक्षता में मुख्य शिक्षा अधिकारी को सम्मिलित करते हुए समिति का गठन किया जाएगा। जिसके बाद कागजो को बनाया जाएगा।

यह भी पढ़ें 👉  काशीपुर में रंगोत्सव होली मिलन समारोह में शामिल हुए मुख्यमंत्री…

समिति द्वारा  तहसील स्तर पर उपजिलाधिकारी की अध्यक्षता में गठित समिति से विद्यालय में भ्रमण करने वाली टीमों (पटवारी / लेखपाल / कानूनगो एवं सीएससी के डाटा एण्ट्री ऑपरेटर) का रोस्टर तैयार कर इन जरूरी दस्तावेजो को बनवाया जाएगा। बताया जा रहा है कि इसके तहत निवास स्थान, चरित्र, आय एवं पर्वतीय प्रमाण-पत्र एवं अन्य प्रमाण पत्र निर्गत किये जाने की प्रक्रिया हेतु टाईम फ्रेम का निर्धारण करते हुए कार्ययोजना तैयार की जायेगी।

यह भी पढ़ें 👉  “ जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” : मुख्यमंत्री धामी के नेतृत्व में सुशासन की ठोस और ऐतिहासिक उपलब्धि

प्रमाण-पत्रों के लिए आवश्यक दस्तावेजों की सूचना प्रधानाचार्यो, छात्र-छात्राओं, अभिभावकों तथा स्थानीय जनप्रतिनिधियों को उपलब्ध करायी जायेगी।  जिसके पश्चात तहसीलदार स्तर से दैनिक निगरानी के अंतर्गत तिथिवार रोस्टर के अनुसार पटवारी / लेखपाल / कानूनगो एवं सीएससी के डाटा एण्ट्री ऑपरेटर की टीम द्वारा सम्बन्धित विद्यालय का भ्रमण किया जायेगा तथा प्रधानाचार्य से प्रभावी समन्वय स्थापित करते हुए प्रमाण-पत्र हेतु आवश्यक शुल्क / दस्तावेज, ऑनलाईन / ऑफलाईन माध्यम से तहसीलदार / उपजिलाधिकारी कार्यालयों को प्रेषित किये जायेंगे।

यह भी पढ़ें 👉  मां के पांव गिरकर माफी मांगो, वरना होगा जिला बदर : डीएम
Continue Reading

More in उत्तराखंड

उत्तराखंड

उत्तराखंड
Advertisement

ट्रेंडिंग खबरें

To Top