Connect with us

जोशीमठ आकर धसकती हुई जमीन को रोककर दिखाए धीरेंद्र शास्त्री चमत्कार, इन्होंने दी चुनौती…

उत्तराखंड

जोशीमठ आकर धसकती हुई जमीन को रोककर दिखाए धीरेंद्र शास्त्री चमत्कार, इन्होंने दी चुनौती…

बागेश्वर धाम इन दिनों चर्चा में है। जोशीमठ के हालात भी किसी से छुपे नही है। ऐसे में अब बागेश्वर धाम के बाबा धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री को बड़ी चुनौती मिली है, ये चुनौती ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने दी है। उन्होंने धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री को चुनौती देते हुआ कहा है कि जोशीमठ पर आकर चमत्कार दिखाओ।  उन्होंने कहा है कि चमत्कार दिखाने वाले उनके जोशीमठ के मकानों में आ गई दरारों को चमत्कार से भर दें तो वो उनका स्वागत करेंगे।

यह भी पढ़ें 👉  यमकेश्वर के वानप्रस्थ आश्रम में श्रीमद्भागवत कथा…

मीडिया रिपोर्टस के अनुसार मध्य प्रदेश के छतरपुर जिला स्थित गड़ा गांव में धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का आश्रम बागेश्वर धाम सुर्खियों में है।  विवादों से घिरे बागेश्वर धाम के महंत धीरेंद्र शास्त्री को लेकर  बिलासपुर पहुंचे स्वामी जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का बड़ा बयान आया है। उन्होंने बागेश्वर धाम सरकार को चुनौती देते हुए कहा है कि वे जोशीमठ आकर धसकती हुई जमीन को रोककर दिखाए, तब हम उनके चमत्कार को मान जाएंगे। वो जोशमठ को जोड़ दें, हम फूल बिछा कर उनको ले आएंगे और फिर झुक कर के पलकों पर बिछा करके उनको वापस करेंगे।

यह भी पढ़ें 👉  टनकपुर–बनबसा विद्युत परियोजना को मिली रफ्तार, ₹3 करोड़ जारी…

शंकराचार्य ने कहा कि, “हम उनके लिए फूल बिछाएंगे कि आओ, ये जो हमारे मकान में दरार आ गई है, हमारे मठ में आ गई है, उसे जोड़ दो। उन्होंने कहा, “सारे देश की जनता चमत्कार चाहती है कि कोई चमत्कार हो जाए। कहां हो रहा है चमत्कार। जो चमत्कार हो रहे हैं, अगर जनता की भलाई में उनका कोई विनियोग हो तो हम उनकी जय-जयकार करेंगे, नमस्कार करेंगे। नहीं तो ये चमत्कार छलावा है, इससे ज्यादा कुछ नहीं है।

यह भी पढ़ें 👉  जनसमस्याओं के समाधान को प्राथमिकता दे सरकार, शिकायतों का शीघ्र निस्तारण करें अधिकारी: मुख्यमंत्री धामी

उन्होंने कहा कि , “कोई ऐसा चमत्कारी पुरुष है तो धर्मांतरण रोक दे। लोगों की आत्महत्या रोक दे। लोगों के घरों में झगड़े हो रहे हैं, फसाद हो रहे हैं, सुमति ला दे। पूरा देश आकर एक-दूसरे से प्यार करने लग जाए. जो वर्गों में विद्वेष हो रहे हैं, उन वर्गों के विद्वेष को रोक दे। ऐसा कुछ जनता और राष्ट्र के लिए उपयोगी चमत्कार कर के दिखाए, तब हम उसको चमत्कारी पुरुष कह सकते हैं।

Continue Reading

More in उत्तराखंड

उत्तराखंड

उत्तराखंड
Advertisement

ट्रेंडिंग खबरें

To Top